वर्षा : चाहत की दूसरी बूंद
क्या आपको कभी दोबारा इश्क हुआ हैं ? क्या अप कभी दूसरी बार इश्क के सावन में बग भींगें हैं ? अगर आपका उत्तर हाँ में हैं तो यह कहानी आपके लिए ही हैं | यह कहानी है आयुष और वर्षा की | आयुष, प्यार का मारा बेचारा । वर्षा, प्यार की बहती हुई वह नदी जिसका क़तरा-क़तरा इश्क़ है । अमेजन पर यह किताब उपलब्ध हैं | पढ़िए और बताइये, यह कहानी आपको मारक लगी की नहीं | यहाँ क्लीक कर अपना प्रति अभी बुक कीजिये |